Artificial Intelligence क्या है- What is Artificial Intelligence in India

artificial intelligence kya hai

दुनियाँ में मनुष्य सबसे समझदार जीव है जिसके पास सोचने-समझने वाला बहुत ताकतवर दिमाग है। परंतु कुछ वर्षो में Technology के क्षेत्र में जिस तेजी से विकास हुआ है हमने हमारी बुद्धि का प्रयोग करके अपने ही जैसे कार्य क्षमता वाले Robots, Computer Programs, Applications बनाएँ है। जो हमारे दैनिक जीवन का हिस्सा बन गए है या बनने जा रहे है। क्या आपने कभी अपने आस-पास ऐसी मशीनों की को देखा है जो वह कार्य भी कर देती है जो हम मनुष्य के लिए कर पाना मुस्किल है। या ऐसी मशीनें जो अपने कार्य को Automatic करती चली जाती है। आपके मन में यह भी सवाल आया होगा कि यह कैसे हो पाता होगा? Internet के बदलते इस दौर में मनुष्य द्वारा कुछ ऐसी technology विकसित की जा रही है, जिसमें हमारे जैसे सोचने, समझने और निर्णय लेने की क्षमता हो, मैं बात कर रहा हूँ कृत्रिम बुद्धिमत्ता यानि Artificial Intelligence की। आप इस लेख में जानेंगे कि Artificial Intelligence क्या है? और इससे जुड़े कुछ महत्वपूर्ण बिन्दुओं पर चर्चा करेंगे। हमारे वैज्ञानिक और इंजीनियर AI को हमारा भविष्य मानते है, इसलिए इस विषय पर चर्चा करना महत्वपूर्ण होगा।

Page Content:

  1. Artificial Intelligence क्या है?
  2. AI का इतिहास
  3. आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के प्रकार
  4. Artificial Intelligence कैसे कार्य करता है?
  5. Artificial Intelligence के अनुप्रयोग

What is Artificial Intelligence in Hindi(कृत्रिम बुद्धिमत्ता क्या है)

परिभाषा: मनुष्य द्वारा डिज़ाइन किए गए ऐसे इंटेलिजेंट प्रोग्रामिंग Algorithm जिन्हे अगर हम कम्प्युटर सिस्टम या मशीनों में डाल दें तो उनमें मानवों जैसी बुद्धि विकसित की जा सकती है। जिसमें सोचने, आस-पास की घटनाओं को समझने और घटनाओं को प्रोसैस करके सही निर्णय लेने की क्षमता का विकास किया जा सके। बिल्कुल वैसा, जैसा एक ह्यूमन का दिमाग करता है।

आर्टिफिसियल इंटेलिजेन्स को हम सॉर्ट में AI कहते है। यह कम्प्युटर साइन्स की एक बहुत उन्नत और कॉम्प्लेक्स तकनीक है। जिन कार्यों में हमें बहुत समय लगता है या जो हमारे लिए कठिन है AI द्वारा उन्हे easily करवाया जा सकता है। यह एक ऐसा तरीका है जिससे पहले मशीनों/कम्प्युटर्स को सिखाया जाता है फिर किसी problem-solving गोल को प्राप्त किया जाता है। यह मशीनों की कार्य क्षमता बढ़ाने का एक सफल प्रयास है, मशीनें खुद बार-बार घटित घटनाओं के pattern को पढ़कर, देखकर धीरे-धीरे स्मार्ट होती जाती है।

जब कुछ लोग Artificial Intelligence का नाम सुनते है तो उन्हे समान्यतः लगता की वह कोई Robot जैसा होगा। परंतु नहीं, इसका Concept मानवों के दिमाग की तरह है, जिसके द्वारा मशीनें ह्यूमन की तरह व्यवहार प्रदर्शित करती है। चूँकि रोबोट भी AI प्रोडक्ट का अच्छा उदाहरण है, इसका दिमाग भी एक कृत्रिम बुद्धि होती है।

जब से कम्प्युटर सिस्टम, मशीनें या सॉफ्टवेयर का उपयोग किया जा रहा है इन्हे मनुष्यों द्वारा ही ऑपरेट किया जाता रहा है। लेकिन AI का उद्देश्य है कि किसी कार्य को करने हेतु एक कम्प्युटर या मशीन खुद निर्णय ले सके, जिससे ह्यूमन की लाइफ़स्टाइल ज्यादा बेहतर बने।

AI का इतिहास

AI कोई नया शब्द या नई टेक्नोलाजी नहीं है यह पहले से ही Engineers, Computer Scientist और Researchers के मध्य चर्चा का विषय रहा है। क्या कभी मशीने भी सोच सकती है इस पर रिसर्च करते हुए कुछ कम्प्युटर वैज्ञानिकों ने अपनी परिभाषाएँ दुनियाँ के सामने रखी, जिनमें से प्रमुख थे John McCarthy इन्हे Artificial Intelligence का पिता भी कहा जाता है। 1956 में अमेरिका के Darkmouth College  की एक कान्फ्रेंस में कम्प्युटर की सोचने की शक्ति के लिए “Artificial Intelligence” शब्द का प्रयोग किया गया था। John McCarthy द्वारा 2004 में AI की परिभाषा को स्पष्ट करते हुए एक पेपर Release किया गया था।

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के प्रकार

हमें यहाँ AI को कार्य क्षमता के आधार पर 3 भागों में बाँता है, वे तीन प्रकार निम्न है: 

1.Weak AI

इसे Narrow AI भी कहते है, इसे इस प्रकार डिज़ाइन किया जाता है कि सिर्फ किसी सिंगल टास्क को अच्छे से पूरा कर सके। यह मनुष्यों जैसी  प्रतिक्रिया प्रदर्शित नहीं कर पाती। इसके उदाहरण है- Speech Recogition, Facial Recognition, Voice Assistant, Email Spam Filter आदि। 

2.Strong AI

इसे General AI भी कहा जाता है, मशीनों में मानवों जैसे व्यवहार करने, किसी एक जैसे कार्य को करने के तरीके को याद रखने और उसपर आधारित डाटा को compile कर किसी प्रोब्लेम को सोल्व करने की ability strong AI के अंतर्गत आती है। यह बड़ी मात्रा में उपलब्ध जानकारियों पर एक्सपेरिमेंट करके आउटपुट प्रदान कर सकती है। इसका कान्सैप्ट दिमाग के सिद्धान्त पर आधारित होता है।

3.Super AI

यह AI का सबसे ऊपरी लेवल होता है, जिसमें इसे मनुष्य के दिमाग से भी शक्तिशाली माना जाता है। इसमें मशीनें अपने आस-पास की चीजों को observe करके स्वयं की बुद्धि का निर्माण करने योग्य होती है। जैसा कि हम कई साइन्स fiction फिल्मों में देख चूकें है। अभी तक वैज्ञानिकों द्वारा इसके लक्ष्य को प्राप्त नहीं किया जा सका है। लेकिन इसमें मशीनों में भावनाओं को डेवैलप करने की आधारशिला रखी जाती है। 

Artificial Intelligence कैसे कार्य करता है?

किसी भी AI प्रोग्राम्स या सॉफ्टवेयर डिज़ाइन करना कम्प्युटर इंजीनियर्स के लिए एक सावधानी वाला काम होता है। अब यह जानते है कि एक well-desined AI प्रोग्राम्स कार्य करता है।

AI किसी भी डाटासेट(facts, information, events) का विश्लेषण डाइनैमिक Algorithm द्वारा करता है। जिसे AI Engineers द्वारा डिज़ाइन किया जाता है। इसके लिए अभी Python और Java सबसे प्रचलित Programming Language है। यह डाटा के आधार पर किसी भी प्रोब्लेम को खुद solve करने की कोशिश करता है। सामान्यतः यह तीन तरीकों से किसी भी कार्य को करता है-

  1. Learning(पुराने इवेंट्स के डाटा के आधार पर सीखते रहना जिसे Pattern-Learning भी कहते है।)
  2. Reasoning(डाटा की मात्रा बढ़ते जाने पर अपने Algorithm और Database को strong करना)
  3. Cognition/Perception(आस-पास की चीजों को अनुभव करके act करना)

आर्टिफिशियल इंटेलिजेन्स एक बहुत बड़ी फील्ड है जिसे implement करने के लिए कुछ methods और technologies उपयोग में लाई जाती है:

➤Machine Learning

सामान्य शब्दो में मशीन लर्निंग का अर्थ होता है मशीनों का स्वयं सीखते रहना। मशीन लर्निंग AI का एक प्रमुख हिस्सा है। मशीनों के लिए कम्प्युटर प्रोग्राम्स को इस तरह से design करते है जिससे वह बिना किसी बाहरी हस्तक्षेप के किसी कार्य को करे और न्यू डाटा के आधार पर स्वयं निर्णय लेकर output प्रदान करे। यह Physical मशीन और कम्प्युटर Algorithm के मध्य सामंजस्य स्थापित करता है, जैसा Robots करते है।
किसी टास्क को करने के लिए मशीन उसे करने के पैटर्न को identify करती है, उसे सीख कर उसे दोहराती है और लगातार improve करती जाती है।
आपने आजकल के स्मार्ट फोन में Face Recognition का फीचर देखा होगा, वह आपके चेहरे और आँखों के पैटर्न को याद रखकर फोन को Unlock कर देता है।

➤Neural Network

मशीन लर्निंग में मशीनों के पास बहुत amount में डाटा होता है यह डाटा unstructured फॉर्म में एक्सटर्नल स्रोत से प्राप्त होता है। इतनी ज्यादा बिखरे डाटा के बीच relations बनाने के लिए Neural Network के कान्सैप्ट को उपयोग में लिया जाता है। ताकि raw information को meaningful इन्फॉर्मेशन में कन्वर्ट किया जा सके। यह किसी दो या दो से अधिक dataset का उपयोग connections बिल्ड करने के लिए करता है। 

➤Deep Learning

यह बहुत सारे न्यूरल नेटवर्क की एक बड़ी प्रोसेसिंग यूनिट के तौर पर देखा जा सकता है। इससे कम्प्युटर की पावर एडवांस तरीके से प्रयोग किया जाता है। इसमें Deep algorithms का उपयोग करके कम्प्युटर स्वयं patterns क्रिएट करते है। Complex Patterns को समझने और लार्ज अमाउंट के डाटा को प्रोसैस करना Deep Learning कहलाता है। इसके उपयोग Image, Speech, Video recognition में देख सकते है। जैसे google करोड़ो images को recognise करके कॉपीराइट का पता लगाता है।

➤Natural Language Processing(NLP)

कम्प्युटर सिस्टम की वह ability जिससे ह्यूमन जैसी आवाज generate की जाती है। NLP का अगला कदम यह है कि मनुष्यों की भाषा(हिन्दी, अँग्रेजी, फ्रेंच आदि) को मशीनें समझ सके और कहे गए निर्देशो को सही तरीके से पूर्ण करे। इससे हम Computers से Communication कर सकते है। इसे AI फील्ड में Natural Language Interaction कहा गया है। 

➤Computer Vision

जिस प्रकार हम हमारे आस-पास की चीजों को देखकर उन्हे समझ सकते है। भिन्न-भिन्न प्रकार के visuals जैसे digital images, videos आदि को देखकर कम्प्युटर्स या मशीन द्वारा समझा जाता है। कम्प्युटर को हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर के मेलजोल से इस प्रकार की ability दी जाती है।

Artificial Intelligence के अनुप्रयोग

पिछले कुछ दशकों में हमारी Technology बहुत तेजी से विकसित हुई है, तब AI का विकास स्वाभाविक बात है। आजकल आप अपने आस-पास AI के होते हुए उपयोग देख सकते है। यह धीरे-धीरे हमारे जीवन का हिस्सा बनता चला जा रहा है। अगर गौर करें तो हमारे चारों तरफ स्वचालन प्रणाली(automation) बहुत तेजी से बढ़ रही है। दैनिक उपयोग के सभी डिवाइस IoT(Internet of Things) का हिस्सा बन है सभी में AI जैसे ताकतवर technology का प्रयोग हो रहा है। हम आपको यहाँ Artificial Intelligence के महत्वपूर्ण अनुप्रयोग(Applications) बताएँगे। जिन्हे जानकर आप वर्तमान और भविष्य में AI की महत्ता को समझ पाएँगे।

Virtual Assistant

Virtual Assistant या Al Assistant एक तरह के डिजिटल सॉफ्टवेयर होते है जो NLP(Natural Language Processing) और NLI(Natural Language Interaction) का प्रयोग करती है। और वॉइस कमांड को फॉलो करते हुए user द्वारा दिये गए टास्क को कंप्लीट करती करते है। सभी बड़ी-बड़ी Tech कंपनी कस्टमर सपोर्ट बढ़ाने के लिए ह्यूमन को AI बेस्ड Virtual Assistant द्वारा रिप्लेस कर रही है। आपने आपने Android फोन में Google Assistant और Apple I-Phone में Siri जैसे AI असिस्टेंट को जरूर देखा होगा। इन्हे जब हम कोई वॉइस कमांड देते है तो इनके AI algorithm उस query प्रोसैस कर इंटरनेट डेटाबेस से हमें जानकारी उपलब्ध कराते है।    

Social Media

किसी भी सोशल मीडिया कंपनी जैसे Facebook, Instagram, Twitter, Snapchat आदि के पास बिलियन्स users और उनका डाटा होता है। इतने बड़े डाटा को सही तरीके से मैनेज करना मानव के लिए संभव नहीं है इसके लिए AI powered algorithm काम में लिए जाते है। आपने कभी ध्यान दिया होगा तो Facebook और Instagram अपने उपयोगकर्ताओं को केवल उनका पसंदीदा कंटैंट ही दिखाते है। स्पैम कमेंट्स, फोटो, विडियो आदि को फ़िल्टर कर देते है। Twitter और Youtube पर ट्रेंडिंग videos और hashtags पूर्णतः ऑटोमैटिक होते है।

Gaming में

AI द्वारा किसी gamer को एक अच्छा अनुभव प्रदान करने के लिए नॉन-प्लेयर कैरक्टर का प्रयोग किया जाता है। जिससे gamer में compititive spirit बढ़ाई जा सके। हम ऐसे कई video-games खेलते है जिनमें हमारा प्रतिद्वंदी कम्प्युटर होता है,जो कृत्रिम बुद्धि और machine learning का उपयोग करके हमें कई बार मात देता है। कुछ AI based विडियो गेम्स निम्न है: चेस, AlphoGo Zero, PUBG आदि।

Automobile Industry में

कार निर्माता कंपनी Tesla अपनी कार में मशीन learning or deep learning का उपयोग करके fully Automatic cars बना चुकी है, Tesla अभी तक की सबसे सफल self-driving कार है। साथ ही इसमें TeslaBot नामक पर्सनल असिस्टेंट को भी इंटीग्रेट किया है जो कार ड्राइवर के गाइडेंस का कार्य करता है। Tesla के अलावा BMW, Audi, RangeRover जैसी कार कंपनी द्वारा भी AI का प्रयोग स्मार्ट Cars बनाने में किया जा रहा है। Self-Driving cars से दुर्घटना होने की संभावना को कम किया जा चुका है। Car के सभी feature AI द्वारा कंट्रोल किए जाते है बस आपको अपनी destination डालना होगा और ये कारें आपको बिना किसी परेशानी के आपको कहीं भी ले जाने में सक्षम है।

Robotics में

अगर Robots में जान डालने का कार्य किसी ने किया है तो वह है AI. जिस प्रकार हमारा शरीर दिमाग के बिना कुछ नहीं उसी प्रकार AI के बिना robotics की कल्पना नहीं की जा सकती। Robots को हम मानव द्वारा निर्मित कृत्रिम मानव बोल सकते है। दुनियाँ के कुछ फ़ेमस Humanoid Robots है जो हमारी तरह सोच सकते है कार्य कर सकते है- Sophia, Nadine, Erika, Jia Jia आदि।

Astronomy में

किसी कृत्रिम उपग्रह को पृथ्वी की सतह से अन्तरिक्ष में भेजा जाता है तो वह वर्षो तक मानव की पहुँच से दूर होता है। फिर भी वह पृथ्वी पर हो रहे घटनाओं की सूचनाएँ हम तक पहुँचता रहता है। ब्रम्हाण्ड से जुड़ी जानकारी प्राप्त करने में और दूर स्थित ग्रहों पर रोबोटिक मशीनें भेजने में AI का मत्वपूर्ण योगदान रहा है।


हम उम्मीद करते है कि आपको Artificial Intelligence क्या है? के बारें में सभी प्रकार जानकारी मिल गई होगी। आजतक आप AI का उपयोग करते आए होंगे परंतु इस आर्टिकल द्वारा हमने आपको उनसे अवगत कराया। यह अपने आप में study के लिए एक बहुत बड़ी शाखा है, इसके बारें में जितना जाने उतना कम है। आप अगर AI की फील्ड में अपना करीर बनाना चाहते है तो आपको जरूर यहाँ कुछ महत्वपूर्ण जानकारी मिली होगी।

– यह आर्टिकल पढ़ने के लिए आपका धन्यवाद और कुछ नया सीखने के लिए शुभकामनाएँ💐  

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